भरमौर/चंबा: मणिमहेश यात्रा 2025 को श्रद्धालुओं के लिए और अधिक सुरक्षित, सुव्यवस्थित और स्मरणीय बनाने की दिशा में भरमौर-पांगी विधानसभा क्षेत्र के विधायक जनक राज ने बड़ा कदम उठाया है। भरमौर टैक्सी यूनियन के साथ हुई एक महत्वपूर्ण बैठक में उन्होंने यात्रा व्यवस्था सुधारने और टैक्सी सेवा को अनुशासित बनाने के लिए कई निर्देश और घोषणाएं कीं।
श्रद्धालुओं की सुविधा सर्वोपरि: विधायक जनक राज
विधायक जनक राज ने कहा कि मणिमहेश यात्रा केवल धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि भरमौर की सामाजिक और आर्थिक पहचान का भी हिस्सा है। उन्होंने टैक्सी चालकों से अपील की कि वे श्रद्धालुओं के प्रति सेवा भाव के साथ व्यवहार करें और भरमौर की सकारात्मक छवि को सुदृढ़ करें।
टैक्सी चालकों को दिशा-निर्देश: दस्तावेज, किराया और सवारी सुरक्षा
विधायक ने बैठक में टैक्सी चालकों को स्पष्ट निर्देश दिए कि:
- सभी वाहनों के दस्तावेज पूर्ण और वैध होने चाहिए।
- यात्रियों से न्यायसंगत किराया ही वसूला जाए।
- प्रत्येक चालक अपना मोबाइल नंबर यात्रियों को साझा करें, ताकि कोई वस्तु खोने की स्थिति में संपर्क आसान हो।
- यात्रा शुरू करने से पहले गाड़ियों की संपूर्ण जांच व मरम्मत सुनिश्चित की जाए।
टैक्सी स्टैंड निर्माण विधायक प्राथमिकता में, 11 लाख की घोषणा
भरमौर में लंबे समय से टैक्सी स्टैंड की मांग को पूरा करते हुए जनक राज ने बताया कि टैक्सी स्टैंड का निर्माण उनकी विधायक प्राथमिकता में शामिल है। यूनियन को पार्किंग हेतु उपयुक्त भूमि चयन का आग्रह किया गया है। भूमि चयन के तुरंत बाद विधायक निधि से ₹11 लाख जारी किए जाएंगे। प्रस्तावित टैक्सी स्टैंड में ड्राइवर सुविधाएं, बैठने की व्यवस्था और पार्किंग को प्राथमिकता दी जाएगी।

यात्रा में प्रतिस्पर्धा नहीं, सुरक्षा हो प्राथमिकता
जनक राज ने वर्ष 2024 की भरमाणी मार्ग पर हुई दुखद वाहन दुर्घटना को याद दिलाते हुए कहा कि ऐसी घटनाओं से बचाव के लिए चालकों को प्रतिस्पर्धा की भावना से बचते हुए सुरक्षा को सर्वोपरि रखना होगा। उन्होंने कहा कि यात्रा मार्ग में तीव्र गति, ओवरटेकिंग और लापरवाही से हादसों की आशंका बढ़ती है, जिसे रोकने में चालक की भूमिका अहम है।
यात्रा को लेकर प्रशासन और जनता से समन्वय की अपील
विधायक ने अंत में अपील की कि प्रशासन, टैक्सी यूनियन, स्थानीय नागरिक और श्रद्धालु—सभी मिलकर मणिमहेश यात्रा 2025 को एक सफल और आदर्श आयोजन बनाएं। उन्होंने कहा कि भरमौर की यह वार्षिक यात्रा आस्था, पर्यटन और क्षेत्रीय विकास का संगम है, और इसकी गरिमा बनाए रखना हम सभी की जिम्मेदारी है।
