हिमाचल प्रदेश में नए सिरे से पुनर्सीमांकन की प्रक्रिया शुरू होने जा रही है और इसके साथ ही प्रदेश में नई पंचायतें भी गठित की जाएंगी। हिमाचल में नए सिरे से होगा पुनर्सीमांकन, इस अहम फैसले के तहत सरकार अप्रैल महीने में पंचायतीराज संस्थाओं के चुनाव करवाने की तैयारी में जुट गई है। पंचायतीराज विभाग की ओर से पंचायतों और जिला परिषद वार्डों के पुनर्सीमांकन को लेकर जल्द अधिसूचना जारी की जाएगी।
प्रदेश सरकार की योजना के अनुसार पंचायतों, पंचायत समितियों और जिला परिषद वार्डों का पुनर्गठन किया जाएगा। यह मामला भले ही हाईकोर्ट में विचाराधीन है, लेकिन इसके बावजूद सरकार ने प्रशासनिक स्तर पर तैयारियां तेज कर दी हैं, ताकि समय पर चुनाव प्रक्रिया पूरी की जा सके।
जनवरी में खत्म होगा कार्यकाल, प्रशासक होंगे नियुक्त
प्रदेश में पंचायतीराज संस्थाओं का मौजूदा कार्यकाल जनवरी के अंत में समाप्त हो रहा है। इसके बाद फरवरी और मार्च महीने में पुनर्सीमांकन, मतदाता सूची संशोधन और अन्य औपचारिक प्रक्रियाएं पूरी की जाएंगी। चुनाव से पहले अंतरिम व्यवस्था के तहत पंचायतों में प्रशासकों की नियुक्ति की जाएगी।
सूत्रों के अनुसार पंचायतों में पटवारी, कानूनगो और अध्यापकों को प्रशासक नियुक्त किया जा सकता है। यह व्यवस्था तब तक रहेगी, जब तक नई पंचायतों और वार्डों के गठन के बाद चुनाव संपन्न नहीं हो जाते।
जल्द जारी होगी पुनर्सीमांकन की अधिसूचना
पंचायतीराज विभाग की ओर से पंचायतों और जिला परिषद वार्डों के पुनर्सीमांकन की अधिसूचना जल्द जारी की जाएगी। अधिसूचना जारी होते ही जिला उपायुक्त अपने-अपने जिलों में वार्डों के पुनर्सीमांकन की प्रक्रिया शुरू कर देंगे।
पुनर्सीमांकन के दौरान जनसंख्या, भौगोलिक स्थिति और प्रशासनिक सुविधा जैसे बिंदुओं को आधार बनाया जाएगा। इसके साथ ही पंचायतों की सीमाओं में बदलाव किया जाएगा और जहां जरूरत होगी, वहां नई पंचायतों का गठन भी किया जाएगा।
मतदाता सूचियों का होगा पुनरीक्षण
पुनर्सीमांकन के बाद पंचायतीराज संस्थाओं की ओर से मतदाता सूचियों को नए सिरे से तैयार किया जाएगा। इस प्रक्रिया में लोगों को आपत्तियां और सुझाव दर्ज करवाने का भी अवसर दिया जाएगा। इसके बाद अंतिम मतदाता सूची प्रकाशित की जाएगी, जिसके आधार पर पंचायत चुनाव करवाए जाएंगे।
पंचायतीराज सचिव सी. पालरासु ने कहा,
“पंचायतों और जिला परिषद वार्डों के पुनर्सीमांकन को लेकर जल्द अधिसूचना जारी की जाएगी। विभाग चुनाव की सभी तैयारियों में जुटा हुआ है।”
नई पंचायतें बनेंगी, जिप वार्डों में बदलाव संभव
वार्डों के पुनर्सीमांकन के साथ हिमाचल प्रदेश में नई पंचायतें बनने का रास्ता भी साफ हो गया है। नई पंचायतों के गठन के लिए विभाग को बड़ी संख्या में आवेदन प्राप्त हुए हैं। सरकार इन आवेदनों पर गंभीरता से विचार कर रही है।
इसके साथ ही जिला परिषद वार्डों की संख्या में भी बदलाव संभव है। कुछ जिलों में वार्डों की संख्या घटाई या बढ़ाई जा सकती है। फिलहाल प्रदेश में 250 जिला परिषद वार्ड हैं, जिनमें चुनाव होने हैं।
महिला आरक्षण पर भी सरकार की नजर
प्रदेश में कई पंचायतें ऐसी हैं, जो पिछले करीब 20 वर्षों से महिलाओं के लिए ही आरक्षित चली आ रही हैं। पुनर्सीमांकन के दौरान सरकार इस स्थिति की भी समीक्षा कर रही है, ताकि आरक्षण का संतुलन सुनिश्चित किया जा सके।
वर्तमान में हिमाचल प्रदेश में 3,577 पंचायतें हैं। पुनर्गठन और पुनर्सीमांकन के बाद इनकी संख्या में बढ़ोतरी होने की संभावना है। इसके अलावा प्रदेश में 91 पंचायत समितियों और जिला परिषदों के लिए चुनाव कराए जाएंगे
